By using this site, you agree to the Privacy Policy and Terms of Use.
Accept

Janhit Express

  • देश-विदेश
  • उत्तराखंड
  • राजनीति
  • सम्पादकीय
  • सनातन
  • स्वास्थ्य
  • पर्यटन
  • खेल
  • मनोरंजन
Search
© 2024 Janhit Express
Reading: एमडीडीए का सिटी फॉरेस्ट पार्क बन रहा देहरादून का धड़कता दिल, प्रकृति-स्वास्थ्य-पर्यटन का आधुनिक संगम
Share
Notification
Aa

Janhit Express

Aa
  • देश-विदेश
  • उत्तराखंड
  • राजनीति
  • सम्पादकीय
  • सनातन
  • स्वास्थ्य
  • पर्यटन
  • खेल
  • मनोरंजन
Search
  • देश-विदेश
  • उत्तराखंड
  • राजनीति
  • सम्पादकीय
  • सनातन
  • स्वास्थ्य
  • पर्यटन
  • खेल
  • मनोरंजन
Follow US
© 2022 Foxiz News Network. Ruby Design Company. All Rights Reserved.
Janhit Express > Blog > उत्तराखंड > एमडीडीए का सिटी फॉरेस्ट पार्क बन रहा देहरादून का धड़कता दिल, प्रकृति-स्वास्थ्य-पर्यटन का आधुनिक संगम
उत्तराखंड

एमडीडीए का सिटी फॉरेस्ट पार्क बन रहा देहरादून का धड़कता दिल, प्रकृति-स्वास्थ्य-पर्यटन का आधुनिक संगम

Janhitexpress
Last updated: 2025/11/15 at 5:21 AM
Janhitexpress
Share
9 Min Read
एमडीडीए का सिटी फॉरेस्ट पार्क बन रहा देहरादून का धड़कता दिल, प्रकृति-स्वास्थ्य-पर्यटन का आधुनिक संगम
SHARE

सिटी फॉरेस्ट पार्क मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी की दूरदृष्टि और हरित-शहरी विकास की सोच का परिणाम- बंशीधर तिवारी

देहरादून – मसूरी-देहरादून विकास प्राधिकरण (एमडीडीए) द्वारा सहस्त्रधारा रोड हैलीपैड के ठीक सामने पर विकसित किया गया सिटी फॉरेस्ट पार्क  देहरादून का नया पहचान दे रहा है। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी का यह ड्रीम प्रोजेक्ट न केवल देहरादून के जनमानस की पहली पसंद बन रहा है, बल्कि राज्य में आधुनिक हरित-विकास का एक मॉडल भी प्रस्तुत कर रहा है। लगभग 12.45 हेक्टेयर क्षेत्र में फैला यह पार्क प्रकृति, स्वास्थ्य, आयुर्वेद, योग, मनोरंजन और पर्यटन का अनूठा संगम है।

प्रकृति के बीच हंसी-खुशी के पल
बाल दिवस के अवसर पर भी पार्क में बच्चों की असाधारण भीड़ देखने को मिली। स्कूलों से आए समूहों ने प्राकृतिक पगडंडियों पर घूमकर, बांस के गज़ेबो में बैठकर और ट्री हाउस में खेलते हुए दिन का भरपूर आनंद लिया। स्कूल से आये शिक्षकों ने भी बताया कि देहरादून में बच्चों के लिए इतना बड़ा, सुरक्षित और प्राकृतिक खुला स्थान मिलना किसी उपहार से कम नहीं है। यह दृश्य स्पष्ट करता है कि यह पार्क केवल एक अवकाश-स्थल नहीं, बल्कि बच्चों में प्रकृति के प्रति प्रेम और जागरूकता बढ़ाने का माध्यम भी बन रहा है। एमडीडीए द्वारा सभी बच्चों के लिए सूक्ष्य जलपान की व्यवस्था भी कई गई थी।

https://indiatimesgroup.com/wp-content/uploads/2025/11/WhatsApp-Video-2025-11-14-at-19.28.50.mp4

वन-जैसा वातावरण, आधुनिक सुविधाएँ
सिटी फॉरेस्ट पार्क की सबसे बड़ी विशेषता इसका “वन जैसे माहौल” को सुरक्षित रखना है। विकास कार्य इस तरह किया गया है कि प्राकृतिक ढलानें, पेड़ों का आवरण, मौसमी नाले, वनस्पतियों और मिट्टी की संरचना को नुकसान न पहुंचे। यही कारण है कि यहाँ आते ही शहर का शोर-शराबा अचानक धीमा लगता है और जंगल जैसी शांति महसूस होती है।

हर आयु वर्ग के लोगों के लिए आकर्षक
पार्क को हर आयु वर्ग के लोगों के लिए आकर्षक और उपयोगी बनाने के उद्देश्य से यहाँ अनेक सुविधाएँ विकसित की गई हैं। पार्क में तैयार साइकिल ट्रैक, लगभग 1.2 किलोमीटर लंबा वन-वॉक फिटनेस ट्रेल, सुव्यवस्थित जॉगिंग ट्रैक और प्राकृतिक ढलानों के बीच बना बच्चों का मेज़ (Maze) इसे बच्चों और युवाओं के लिए रोमांचक बनाते हैं। प्राकृतिक सौंदर्य से मेल खाते हुए झूला पुल, शांत वातावरण में बने योग एवं ध्यान केन्द्र, और स्वास्थ्य लाभ हेतु तैयार किया गया एक्यूपंक्चर ज़ोन आगंतुकों को मानसिक-शारीरिक आराम प्रदान करते हैं। इसके अलावा, पार्क में सुंदर बांस गज़ेबो, रंग-बिरंगी फूलों की क्यारियाँ, बच्चों और वयस्कों दोनों के लिए सुरक्षित ट्री हाउस, सांस्कृतिक गतिविधियों के लिए ओपन एयर थिएटर, आरामदायक कैफेटेरिया, शांत पठन क्षेत्र, युवाओं के लिए स्केटिंग रिंक, प्राकृतिक स्पर्श से युक्त पेबल क्रॉसिंग, तथा जैव-विविधता संरक्षण को बढ़ावा देता वेटलैंड रिस्टोरेशन ज़ोन विकसित किया गया है। इन सभी सुविधाओं का उद्देश्य लोगों को एक ही स्थान पर स्वास्थ्य, मनोरंजन, शिक्षा और प्रकृति का अद्भुत संगम प्रदान करना है, जिससे यह पार्क देहरादून का सबसे पसंदीदा शहरी हरित क्षेत्र बनकर उभर रहा है।

एमडीडीए का दूरदृष्टि-युक्त विकास, 40.07 करोड़ की लागत से
एमडीडीए द्वारा लगभग 40.07 करोड़ रुपये की लागत से तैयार पार्क को आधुनिक हरित-ढांचे का उत्कृष्ट उदाहरण बनाने की रूपरेखा है। पार्क को पर्यावरण, पर्यटन और जनसुविधा—तीनों आयामों के संतुलन के साथ विकसित किया जा रहा है। पार्क के समग्र विकास की परिकल्पना को आकार देते हुए यहाँ प्रवेश द्वार को महासू देवता मंदिर की पारंपरिक शैली से प्रेरित होकर रूप दिया गया है, जो आगंतुकों का स्वागत सांस्कृतिक सौंदर्य के साथ करता है। पार्क में कार और बसों के लिए पर्याप्त पार्किंग की व्यवस्था की गई है, जबकि ऊँचाई पर बना टॉप व्यू एरिया पूरे परिसर का खूबसूरत दृश्य प्रस्तुत करता है। आगंतुकों की सुविधा के लिए टिकट घर और सूचना केंद्र, आरामदायक बेंच, स्वच्छ शौचालय, तथा हर ओर फैला प्राकृतिक हरित क्षेत्र जिसमें सजावटी और स्थानीय प्रजातियों के पेड़ शामिल हैं, पार्क को विशेष पहचान देते हैं। पार्क में बांस के गज़ेबो, जल पौधों वाला एक्वाटिक प्लांट एरिया, सभी हिस्सों को जोड़ने वाला मुख्य पथ और प्राकृतिक वातावरण से मेल खाता लकड़ी का पुल भी बनाया गया है। संपूर्ण क्षेत्र के चारों ओर 3.5 मीटर चौड़ा प्राकृतिक परिधि मार्ग, 0.6 मीटर चौड़ा मौसमी नाला, झाड़ियों से सजा किनारा और फूलों की क्यारियों के बीच बने आकर्षक वॉकवे पार्क की सुंदरता को और बढ़ाते हैं। आगंतुकों के स्वास्थ्य को ध्यान में रखते हुए एक्यूपंक्चर क्षेत्र, शांत योग एवं ध्यान स्थल, बच्चों का सुरक्षित खेल क्षेत्र, जॉगिंग और फिटनेस ट्रेल, तथा पठन क्षेत्र बनाए गए हैं। वहीं, आधुनिक स्पर्श देने के लिए पेड़ों की छाया में नर्सरी के लिए स्थान, 1.2 किमी लंबा वन-वॉक ट्रेल भी विकसित किए गए हैं। स्वच्छता सुनिश्चित करने के लिए पूरे परिसर में गीले और सूखे कचरे के डस्टबिन, खाद बनाने का गड्ढा, तथा पेयजल फव्वारे सहित सुसज्जित कैफेटेरिया उपलब्ध है। बच्चों और वयस्कों दोनों के लिए अलग-अलग ट्री हाउस, आरामदायक बांस की बेंच, साइकिल ट्रैक, बच्चों के लिए अलग साइकिल ट्रैक के साथ स्केटिंग रिंक, सांस्कृतिक कार्यक्रमों के लिए खुला थिएटर, तथा पुस्तक वितरण और योग सामग्री के लिए समर्पित स्टोर भी पार्क की विशेषताएँ हैं, जो इसे संपूर्ण रूप से एक आधुनिक, हरित और बहुआयामी सार्वजनिक स्थल बनाते हैं। इस योजना में वैज्ञानिक दृष्टिकोण से मिट्टी संरक्षण, जल संरक्षण, वर्षा जल प्रबंधन, शहरी बायो-डायवर्सिटी और स्थानीय पेड़ों का संरक्षण भी शामिल है।

https://indiatimesgroup.com/wp-content/uploads/2025/11/WhatsApp-Video-2025-11-14-at-19.28.49.mp4

जनता की बढ़ती आवाजाही
उद्घाटन के बाद से सुबह और शाम यहां आने वाले लोगों की संख्या लगातार बढ़ रही है। हजारों लोग रोजाना जॉगिंग, सैर, योग या मनोरंजन के लिए आते हैं। बुजुर्गों के लिए सुरक्षित बैठने की व्यवस्था, महिलाओं के लिए फिटनेस-ट्रेक और बच्चों के लिए खुला खेल परिसर इसे परिवारों का नया पसंदीदा गंतव्य बन रहा है।

पर्यटन और स्थानीय अर्थव्यवस्था को भी मिलेगा लाभ
इस प्रोजेक्ट के पूर्ण विकसित होने पर सहस्त्रधारा क्षेत्र में पर्यटन का नया आयाम जुड़ा है। स्थानीय दुकानों, कैफे, गाइडों, छोटे व्यवसायों और रोजगार के अवसरों में भी वृद्धि होगी। एमडीडीए का मानना है कि यह पार्क देहरादून की पर्यटन पहचान को नई दिशा दे सकता है।

राज्य की हरित-पर्यटन पहचान का प्रमुख केंद्र
उपाध्यक्ष एमडीडीए बंशीधर तिवारी ने कहा सिटी पार्क देहरादून जिस स्वरूप में सामने आया है, वह मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी की दूरदृष्टि और हरित-शहरी विकास की सोच का परिणाम है। हमारा लक्ष्य था कि शहर में ऐसे और भी पार्क विकसित किये जायें, जहाँ प्रत्येक आयु वर्ग के लोग स्वास्थ्य, मनोरंजन और प्रकृति तीनों का समग्र अनुभव ले सकें।  बाल दिवस के अवसर पर विभिन्न स्कूलों के बच्चों की भारी संख्या में उपस्थिति ने यह स्पष्ट कर दिया है कि यह पार्क आने वाली पीढ़ियों के लिए कितना उपयोगी और आकर्षक सिद्ध हो रहा है। बच्चों की मुस्कान, उनकी ऊर्जा और प्रकृति के बीच उनका उत्साह हमारे लिए सबसे बड़ा संदेश है। मुझे पूरा विश्वास है कि आने वाले समय में यह पार्क देहरादून का धड़कता दिल और राज्य की हरित-पर्यटन पहचान का प्रमुख केंद्र बनेगा।

देहरादून का भविष्य, प्रकृति के साथ
सचिव एमडीडीए मोहन सिंह बर्निया ने कहा सिटी फॉरेस्ट पार्क केवल एक पार्क नहीं, बल्कि देहरादून के भविष्य का हरित-धरोहर है। यहाँ प्रकृति है, स्वास्थ्य है, योग और आयुर्वेद है, बच्चों का हँसी-खेल है, पर्यटन का आकर्षण है, और एक आधुनिक, स्वच्छ और स्थायी शहर की झलक है। आने वाले वर्षों में यह पार्क राजधानी देहरादून की पहचान, गौरव और प्रमुख आकर्षण के रूप में विश्व स्तर पर उभारने का प्रयास है।

You Might Also Like

33,251 बालिकाओं को मिले 145.93 करोड़, नंदा गौरा योजना का पैसा जारी

कुमाऊँ में नशे पर बड़ा प्रहार, मेडिकल स्टोर से 20 हजार से ज्यादा प्रतिबंधित गोलियां बरामद

सहकारी मेलों में 500 से अधिक महिला समूहों ने अपने उत्पाद बेचकर कमाया अच्छा मुनाफा- डाॅ. धन सिंह

आगामी बजट बैठक में यात्री सुविधाओं हेतु बजट प्रावधान किये जायेंगे- हेमंत द्विवेदी

एमडीडीए की बड़ी कार्रवाई, सेलाकुई में 10 बीघा अवैध प्लाटिंग पर चला बुलडोजर

Sign Up For Daily Newsletter

Be keep up! Get the latest breaking news delivered straight to your inbox.
[mc4wp_form]
By signing up, you agree to our Terms of Use and acknowledge the data practices in our Privacy Policy. You may unsubscribe at any time.
Janhitexpress November 15, 2025 November 15, 2025
Share This Article
Facebook Twitter Copy Link Print
Share
Previous Article शिक्षा मंत्री डॉ. धन सिंह रावत ने बाल दिवस पर राज्य स्तरीय बाल चौपाल कार्यक्रम में किया प्रतिभाग शिक्षा मंत्री डॉ. धन सिंह रावत ने बाल दिवस पर राज्य स्तरीय बाल चौपाल कार्यक्रम में किया प्रतिभाग
Next Article सुप्रीम कोर्ट ने बनभूलपुरा अतिक्रमण केस की सुनवाई 2 दिसंबर तक टाली सुप्रीम कोर्ट ने बनभूलपुरा अतिक्रमण केस की सुनवाई 2 दिसंबर तक टाली
Leave a comment Leave a comment

Leave a Reply Cancel reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Latest News

एनसीईआरटी विवाद- सुप्रीम कोर्ट ने किताब की सभी कॉपियां जब्त करने के दिए आदेश
एनसीईआरटी विवाद- सुप्रीम कोर्ट ने किताब की सभी कॉपियां जब्त करने के दिए आदेश
देश-विदेश February 26, 2026
मजबूत इम्यून सिस्टम के लिए क्या खाएं? जानें एक्सपर्ट की सलाह
मजबूत इम्यून सिस्टम के लिए क्या खाएं? जानें एक्सपर्ट की सलाह
स्वास्थ्य February 26, 2026
33,251 बालिकाओं को मिले 145.93 करोड़, नंदा गौरा योजना का पैसा जारी
33,251 बालिकाओं को मिले 145.93 करोड़, नंदा गौरा योजना का पैसा जारी
उत्तराखंड February 26, 2026
कुमाऊँ में नशे पर बड़ा प्रहार, मेडिकल स्टोर से 20 हजार से ज्यादा प्रतिबंधित गोलियां बरामद
कुमाऊँ में नशे पर बड़ा प्रहार, मेडिकल स्टोर से 20 हजार से ज्यादा प्रतिबंधित गोलियां बरामद
उत्तराखंड February 26, 2026
- Advertisement -
Ad imageAd image
//
देश -प्रदेश की सभी बड़ी और रोचक ख़बरें पढने के लिए हमसे जुड़े !
Click to Follow us!

पाठको की पसन्द

  • उत्तराखंड में मदरसों के लिए नए नियम लागू, अब धार्मिक शिक्षा देने के लिए प्राधिकरण से लेनी होगी मान्यता
  • गाजा के राफा में सो रहे लोगों पर इजरायली हमला, 37 लोगों की मौत, जानें क्या बोले जो बाइडेन

Important Link’s

  • About Us
  • Contact Us
  • Privacy Policy
  • Sitemap

ताजा खबर

  • एनसीईआरटी विवाद- सुप्रीम कोर्ट ने किताब की सभी कॉपियां जब्त करने के दिए आदेश
  • मजबूत इम्यून सिस्टम के लिए क्या खाएं? जानें एक्सपर्ट की सलाह
  • 33,251 बालिकाओं को मिले 145.93 करोड़, नंदा गौरा योजना का पैसा जारी
Janhit ExpressJanhit Express
Follow US
Copyright @ 2024 Janhit Express, Managed By YDS
  • उत्तराखंड
  • देश-विदेश
  • राजनीति
  • स्वास्थ्य
  • पर्यटन
  • सम्पादकीय
  • मनोरंजन
  • सनातन
  • Videos
Welcome Back!

Sign in to your account

Lost your password?