पर्वतीय जिलों में भारी बारिश और बर्फबारी की चेतावनी
उत्तरकाशी। उत्तराखंड में मौसम ने अचानक करवट ले ली है। हर्षिल घाटी में शुक्रवार सुबह से हो रही लगातार बर्फबारी ने जनजीवन को प्रभावित कर दिया है। भारी हिमपात के चलते गंगोत्री हाईवे सुक्की टॉप के पास बंद हो गया है, जिससे हर्षिल क्षेत्र के सात गांवों सहित गंगोत्री धाम और अंतरराष्ट्रीय सीमा का जिला मुख्यालय से संपर्क टूट गया है।
लगातार हो रही बर्फबारी के कारण हालात चुनौतीपूर्ण बने हुए हैं। सीमा सड़क संगठन (BRO) के अनुसार, मौसम साफ होते ही मार्ग को खोलने के लिए राहत कार्य शुरू किया जाएगा। वहीं बदरीनाथ धाम में भी करीब दो फीट तक बर्फ जम चुकी है, जिससे तीर्थ क्षेत्र पूरी तरह बर्फ की चादर में ढक गया है।
मौसम विभाग ने प्रदेश के पर्वतीय जिलों में भारी बारिश और बर्फबारी की चेतावनी जारी की है। साथ ही 50 से 60 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाएं चलने का अनुमान जताया गया है। इसका असर मैदानी इलाकों में भी देखने को मिल सकता है, जहां तेज बारिश और आंधी-तूफान के आसार हैं।
मौसम विज्ञान केंद्र के अनुसार, देहरादून समेत उत्तरकाशी, चमोली, रुद्रप्रयाग, बागेश्वर और पिथौरागढ़ के कुछ हिस्सों में ऑरेंज अलर्ट जारी किया गया है, जबकि अन्य जिलों में येलो अलर्ट लागू है। आने वाले दिनों में भी मौसम का यही रुख बना रहने की संभावना है और 25 मार्च तक प्रदेशभर में बारिश, बर्फबारी और तेज हवाओं का सिलसिला जारी रह सकता है।
